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बन्ना ( जूता चुराई रस्म )


जूता चुराई दे दो नेग, हरियाले जीजू 

वरना जाओगे नंगे पाँव, शहज़ादे जीजू 

जूता चुराई..।


जूता तुम्हारा लाख रुपैये का 

हमको बस दे दो कुछ हज़ार, हरियाले जीजू 

जूता चुराई..।


दीदी के संग मुझे सैर कराना 

शॉपिंग भी देना करवाय, मेरे प्यारे जीजू 

जूता चुराई..।


गूची का मुझको पर्स दिलाना 

सैंडिल लुई वुतॉन, शहज़ादे जीजू 

जूता चुराई..।


हीरे का लूँगी मैं आर्मलेट 

झुमके मैं लूँगी जालीदार, मेरे प्यारे जीजू 

जूता चुराई ..।


कोई भी शर्त जो मानी न तुमने 

कर दूँगी पूरी हड़ताल, हरियाले जीजू 

धरने पे बैठूँगी आज, शहज़ादे जीजू 

जूता चुराई..।

 

जैसे हमारी माँगें हों पूरी 

जूता मैं दूँगी पकड़ाय, शहज़ादे जीजू 

जूता चुराई..।


**जिज्ञासा सिंह**